विजय रुपानी नहीं मोदी की ये करीबी महिला होगी गुजरात की CM

मित्रों आपको यह तो पता ही है कि गुजरात चुनाव के नतीजे सामने आ गये है जिसमें भारतीय जनता पार्टी ने अपने गढ़ गुजरात में छठी बार जीत हासिल की है, पर इस बार जीत की राह में कांग्रेस के नवनिर्वाचित अध्यक्ष राहुल गांधी की वजह से मुसीबतें खड़ी हो गयी थी। शायद यही कारण है कि अपने ही गढ़ में BJP को बेहद कम अन्तर से जीत मिली है। चुनाव के दौरान विपक्षी द्वारा गुजरात में BJP के विकास पर कई प्रश्न उठाये गये थे, पर जीत के जो आंकड़े मिले है उससे तो यही ज्ञात हो रहा है कि BJP को अब और भी मेहनत करने की आवश्यकता है जो कि वह अच्छे से निभाने में सक्षम है और इसिलिये अब ऐसा चेहरा वहां लाने वालेे है जो कि कार्य कुशतापूर्वक कर सके। हालांकि गुजरात चुनाव में BJP की छठवी बार जीत हुई है।

उसके पश्चात सूत्रों की माने तो गुजरात में मुख्यमंत्री का चेहरा बदल सकता है, इस वजह से ये माना जा रहा है कि विजय रूपाणी के स्थान पर किसी दूसरे व्यक्ति को यह पद दिया जा सकता है। जानकरी के अनुसार पार्टी को एक ऐसा चेहरा चाहिये, जो गुजरात में प्रधान मंत्री नरेन्द्र मोदी कि लोकप्रियता की बराबरी भले न कर पाये, पर गुजारात में BJP ने जिस विकास का भरोसा दिलाया है उसे पूरा करने में सक्षम हो, और जनता की उम्मीदों पर खरा उतरे और साथ ही BJP नेताओं को संगठित करने में भी सक्षम हो।

सूत्रों के अनुसार इस दौड़ में कपड़ा मंत्री स्मृति ईरानी का नाम सबसे आगे आ रह है। मजबूत नेतृत्व में पारागंत और गुजराती भाषा की जानकार होने के साथ ही समृति ईरानी प्रधानमंत्री के करीबी मंत्रीओ में से एक है। ऐसे में कुछ संभावना यह भी जताई जा रही है कि स्मृति ईरानी गुजरात की अगली मुख्यमंत्री बन सकती है।

इनके अतरिक्त CM पद के इस दौड़ में दूसरे स्थान पर केन्द्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग और शिपिंग के राज्य मंत्री मनसुख मांडविया का नाम है, और तीसरे स्थान पर वजुभाई वाला का नाम बता रहे है, जो कि कर्नाटक के वर्तमान गवर्नर है और गुजरात विधान सभा के पूर्व स्पीकर. वजुभाई वाला के पोर्टफोलियो में फाइनेंस, मजदूर और रोजगार जैसे अहम क्षेत्र से जुड़े हुये है।

संगठन के जानकार और सौराष्ट्र में अच्छी खासी पकड़ रखने वाले वजुभाई के नाम पर भी मुहर लग सकती है। मित्रों यह तो स्पष्ट है कि जो नतीजे गुजरात चुनाव के आये है उससे पीएम मोदी संतुष्ट नही है।

क्योंकि वर्ष 2019 में होने वाले लोक सभा चुनाव के लिये गुजरात बेहद अहम है। ऐसे में प्रधान मंत्री गुजरात लीडरशिप को लेकर किसी भी तरह की चूक नही होने देना चाहते है। मित्रों इस संबंध में गहनता से सोचा जा रहा है, ताकि गुजरात को एक अच्छा CM मिल पाये।